एक महिला जन्म से ही ‘‘फ्यूज्ड'' किडनी से पीड़ित थी और उसने अपनी एक किडनी अपने पति को दी है. उसका पति यहां के एक निजी अस्पताल में भर्ती था और उसकी किडनी ने काम करना बंद कर दिया था. डॉक्टरों ने यह जानकारी दी. ‘‘फ्यूज्ड'' किडनी आमतौर पर एक जन्मजात दोष है, जिसमें दोनों किडनी (गुर्दे) आपस में जुड़ जाती हैं, जिससे उनका आकार घोड़े की नाल की तरह हो जाता है.
मैक्स सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, साकेत के चिकित्सकों ने गुर्दा प्रतिरोपण किया और उनके अनुसार यह इस तरह का पहला मामला है. जांच में सामने आया कि महिला के पति (53) की किडनी काम नहीं कर रही है और किडनी प्रतिरोपण ही अंतिम उपाय है. इस पर महिला (49) ने अपनी एक किडनी पति को दान करने की पेशकश की.
अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक अनंत कुमार ने कहा कि किडनी देने के लिए महिला की पात्रता का पता लगाने के लिए की गई प्रारंभिक जांच में पता चला कि उनकी किडनी का आकार घोड़े की नाल जैसा है. कुमार ने कहा कि इस गड़बड़ी के बाद भी महिला स्वस्थ थीं और किडनी दान करने के लिए पात्र थी. उन्होंने कहा कि सावधानीपूर्वक यह जटिल ऑपरेशन किया गया, जो सफल रहा. कुमार के नेतृत्व में एक टीम ने रोबोट की सहायता से ऑपरेशन किया.
ये भी पढ़ें:-
शराब नीति केस : मनीष सिसोदिया की जमानत अर्जी पर HC ने CBI को नोटिस जारी कर मांगा जवाब
from NDTV India - Pramukh khabrein https://ift.tt/20LKlW7
No comments:
Post a Comment